हिरासत से मुक्त हुए नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली व पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

  • सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर रिहाई, परिजनों के सुपुर्द किए गए दोनों नेता

द खबर टाइम्स टीम
काठमांडू, नेपाल

नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री के पी शर्मा ओली और पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को न्यायालय के आदेश के अनुपालन में हिरासत से रिहा कर दिया गया। नेपाली पुलिस ने दोनों नेताओं को उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। मिली जानकारी के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट ऑफ़ नेपाल के निर्देश पर ओली को उनकी पत्नी राधिका शाक्य तथा रमेश लेखक को उनकी पत्नी यशोदा लेखक के जिम्मे सौंपा गया। इस संबंध में काठमांडू पुलिस प्रमुख एसपी रमेश थापा ने पुष्टि की। बताया गया कि दोनों नेताओं के परिवारों द्वारा न्यायालय में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल की गई थी। सुनवाई के दौरान अदालत में यह स्पष्ट किया गया कि पहले ही न्यायालय द्वारा दी गई 5 दिन की रिमांड अवधि समाप्त हो चुकी है, इसलिए उन्हें हिरासत में रखना उचित नहीं है।

अदालत द्वारा दी गई तीसरी रिमांड अवधि भी समाप्त होने के बाद नेपाल की फौजदारी संहिता 2072 की धारा 15 के आधार पर दोनों नेताओं को रिहा किया गया। उल्लेखनीय है बालेन शाह के प्रधानमंत्री बनने के बाद हुई पहली मंत्रिपरिषद बैठक में ‘जेन जी आंदोलन’ के दौरान हुई घटनाओं की जांच के लिए गौरी बहादुर कार्की के नेतृत्व में गठित जांच आयोग की सिफारिशों को तत्काल लागू करने का निर्णय लिया गया था। सरकार के इसी निर्णय के तहत नेपाल पुलिस के आईजी दान बहादुर कार्की और सशस्त्र पुलिस प्रमुख राजू आर्याल ने आपसी विचार-विमर्श के बाद दोनों नेताओं को अरेस्ट वारंट दिखाकर गिरफ्तार किया था। हालांकि, रिमांड अवधि पूरी होने और न्यायालय के स्पष्ट आदेश के बाद अंततः दोनों नेताओं को रिहा कर दिया गया।

Leave a Comment

और पढ़ें